1 मई 2025 छत्तीसगढ़ करेंट अफेयर्स
छत्तीसगढ़ से संबंधित समसामयिक घटनाएं CGPSC, Vyapam, ADEO और अन्य राज्य स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। यदि आप इन परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, तो प्रतिदिन के करेंट अफेयर्स का अपडेट रहना अनिवार्य है।
इस लेख में हम 1 मई 2025 की सभी प्रमुख घटनाओं, सरकारी योजनाओं, नई घोषणाओं और राज्य से जुड़े महत्त्वपूर्ण अपडेट को संक्षिप्त और परीक्षा उपयोगी शैली में प्रस्तुत कर रहे हैं। यह जानकारी आपकी परीक्षा में सफलता की दिशा में एक अहम कदम सिद्ध हो सकती है।
Chhattisgarh Current Affairs 1 May 2025 – Current affairs related to Chhattisgarh play a vital role in state-level competitive exams such as CGPSC, Vyapam, and ADEO. Staying updated with daily state news, government schemes, and key administrative developments is essential for every aspirant.
In this post, we provide a concise and exam-focused summary of the most important Chhattisgarh current affairs for 1st May 2025. This information will help strengthen your preparation and give you an edge in upcoming exams.
अंतरराष्ट्रीय समाचार (International Current Affairs)
DGMO के हॉटलाइन पर संपर्क, सेना ने संघर्षविराम उल्लंघन को लेकर पाकिस्तान को दी चेतावनी
पाहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के बाद नियंत्रण रेखा पर हालात फिर से तनावपूर्ण हो गए हैं। भारतीय सेना ने पाकिस्तान पर संघर्षविराम ‘ceasefire violations’ के उल्लंघन का आरोप लगाया है, खासकर छोटे हथियारों से गोलीबारी को लेकर। यह स्थिति 2003 और 2021 में हुए संघर्षविराम समझौते की गंभीरता पर सवाल उठाती है।
रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय और पाकिस्तानी DGMO के बीच साप्ताहिक हॉटलाइन कॉल के दौरान भारत ने इस पर सख्त आपत्ति जताई और पाकिस्तान को चेतावनी दी। इस तनाव के कारण सीमावर्ती गांवों में लोग बंकरों की मरम्मत कर रहे हैं ताकि गोलाबारी के समय सुरक्षित रह सकें। यह दर्शाता है कि सीमा पर सामान्य जनजीवन किस प्रकार प्रभावित होता है।
इस रिपोर्ट से यह भी स्पष्ट होता है कि भारत बार-बार हो रहे संघर्षविराम उल्लंघनों को गंभीरता से ले रहा है और इस मुद्दे को कूटनीतिक और सैन्य दोनों स्तरों पर उठाने के लिए तत्पर है।
राष्ट्रीय समाचार (National Current Affairs)
जातिगत जनगणना
केंद्र सरकार ने घोषणा की है कि आगामी राष्ट्रीय जनगणना में जातिगत जनगणना को भी शामिल किया जाएगा। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इसे “ऐतिहासिक निर्णय” बताया और इसे सामाजिक न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम करार दिया। यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की राजनीतिक मामलों की समिति (CCPA) की बैठक में लिया गया।
सूचना और प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि जातिगत जनगणना देश की सामाजिक और आर्थिक संरचना को मजबूत करेगी। सामाजिक न्याय मंत्री वीरेंद्र कुमार ने भी इसे डॉ. भीमराव अंबेडकर के सपनों की ओर एक निर्णायक कदम बताया।
ग़ौरतलब है कि इससे पहले तेलंगाना और कर्नाटक जैसे गैर-भाजपा शासित राज्यों ने अपनी-अपनी जातिगत सर्वेक्षण करवा लिए थे क्योंकि केंद्र सरकार ने पहले इस मांग को अस्वीकार कर दिया था।
2021 में सरकार ने संसद में कहा था कि केवल अनुसूचित जातियों और जनजातियों की गिनती होगी, अन्य जातियों की नहीं। भाजपा ने पहले जातिगत जनगणना की आवश्यकता पर स्पष्ट रुख नहीं अपनाया था लेकिन कांग्रेस पर इसे समाज को बांटने का हथियार बनाने का आरोप लगाती रही है।
भाजपा की वैचारिक संस्था राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने जातिगत जनगणना को राजनीतिक उपकरण के रूप में उपयोग करने के खिलाफ चेतावनी दी थी, लेकिन यह भी स्वीकार किया कि कल्याणकारी योजनाओं के लिए आंकड़े आवश्यक हैं।
चीनी उत्पादन में गिरावट की आशंका के बीच गन्ने का समर्थन मूल्य 4.41% बढ़ाया गया
केंद्र सरकार ने गन्ना किसानों को राहत देते हुए आगामी चीनी सत्र 2025-26 (अक्टूबर 2024 से सितंबर 2025) के लिए गन्ने का उचित और लाभकारी मूल्य (FRP) ₹15 बढ़ाकर ₹355 प्रति क्विंटल कर दिया है, जो 4.41% की वृद्धि है। यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की कैबिनेट समिति (CCEA) की बैठक में लिया गया।
यह FRP 10.25% की मूल रिकवरी दर पर आधारित है, और रिकवरी में हर 0.1% की वृद्धि पर ₹3.46 का प्रीमियम मिलेगा। इसी तरह, अगर रिकवरी दर घटती है तो FRP में ₹3.46 की कटौती की जाएगी। हालांकि, सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि यदि रिकवरी दर 9.5% से कम भी हो, तब भी किसानों को ₹329.05 प्रति क्विंटल का भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा।
इस समय देश में चीनी उत्पादन में गिरावट देखने को मिल रही है। भारतीय चीनी और जैव-ऊर्जा निर्माता संघ के अनुसार, 30 अप्रैल तक अनुमानित उत्पादन 257 लाख मीट्रिक टन (LMT) है, जबकि पिछले वर्ष यह 319 LMT था। इस वर्ष कुल अनुमानित उत्पादन 264 LMT रहेगा।
सुप्रीम कोर्ट ने विकलांगों के लिए KYC नियमों को अपडेट करने का निर्देश दिया
सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को केंद्र सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) को निर्देश दिया कि वे डिजिटल KYC (Know Your Customer) नियमों में संशोधन करें ताकि यह विकलांग व्यक्तियों, विशेष रूप से दृष्टिहीन और चेहरा विकृत व्यक्तियों के लिए सुलभ हो सके। कोर्ट ने इसे “डिजिटल एक्सेस का अधिकार जीवन और स्वतंत्रता के अधिकार का स्वाभाविक हिस्सा” बताया।
यह निर्देश न्यायमूर्ति जे बी पारदीवाला और आर महादेवन की पीठ द्वारा दो याचिकाओं पर दिए गए, जिनमें दृष्टिबाधित और एसिड अटैक पीड़ितों को डिजिटल KYC प्रणाली में समावेशी बनाने की मांग की गई थी।
कोर्ट ने यह भी कहा कि आज के समय में जब शिक्षा, स्वास्थ्य, सरकारी सेवाएं और आर्थिक अवसर डिजिटल माध्यमों से प्राप्त होते हैं, तब संविधान के अनुच्छेद 21 के अंतर्गत जीवन के अधिकार की व्याख्या तकनीकी यथार्थ के अनुरूप होनी चाहिए।
न्यायालय ने यह भी आदेश दिया कि सभी सरकारी और निजी संस्थाएं डिजिटली सुलभता के मानकों का पालन करें और हर विभाग में एक नोडल अधिकारी नियुक्त करें। साथ ही, सभी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर नियमित ऑडिट और दृष्टिहीनों को ऐप डिज़ाइनिंग के परीक्षण में शामिल करने के निर्देश भी दिए गए।
RBI को भी आदेश दिया गया कि डिजिटल KYC के लिए “ब्लिंकिंग” जैसी बाध्यताओं के स्थान पर अन्य समावेशी तरीके अपनाए जाएं।
दीघा में जगन्नाथ मंदिर
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार को अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर दीघा में निर्मित नये जगन्नाथ धाम मंदिर का उद्घाटन किया। यह मंदिर ओडिशा के प्रसिद्ध पुरी जगन्नाथ मंदिर की प्रतिकृति है और इसे लगभग ₹250 करोड़ की लागत से 24 एकड़ में बनाया गया है।
मंदिर के प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में धार्मिक अनुष्ठानों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ देश के विभिन्न तीर्थ स्थलों से लाया गया पवित्र जल और 108 प्रकार की सामग्रियों से देवी-देवताओं का अभिषेक किया गया। इसके बाद भक्तों को भगवान जगन्नाथ के दर्शन ‘गर्भगृह’ में पहली बार हुए।
भावविभोर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आरती की और भगवान जगन्नाथ से बंगाल की “मा, माटी, मानुष” के लिए आशीर्वाद मांगा। उन्होंने प्रार्थना की कि “भगवान श्री श्री जगन्नाथदेव के चरणों का स्पर्श बंगाल की भूमि को पवित्र करे” और वैश्विक शांति की कामना की।
अपीलीय न्यायालय कर सकते हैं मध्यस्थ पुरस्कारों में संशोधन: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को एक ऐतिहासिक निर्णय में कहा कि अपीलीय न्यायालय मध्यस्थता पुरस्कारों (arbitral awards) में सीमित परिस्थितियों में संशोधन कर सकते हैं। यह निर्णय पांच न्यायाधीशों की पीठ द्वारा 4:1 बहुमत से लिया गया, जिसकी अगुवाई भारत के मुख्य न्यायाधीश संजीव खन्ना ने की।
न्यायालय ने स्पष्ट किया कि मध्यस्थता और सुलह अधिनियम, 1996 की धारा 34 और 37 के तहत अदालतों के पास सीमित शक्तियाँ हैं, और ये शक्तियाँ तब प्रयोग में लाई जा सकती हैं जब पुरस्कार के अमान्य भाग को वैध भाग से अलग किया जा सके, या रिकॉर्ड में स्पष्ट त्रुटियों को ठीक करना हो।
साथ ही, सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अनुच्छेद 142 के अंतर्गत भी अदालत संशोधन कर सकती है, लेकिन यह अत्यंत सावधानी और संविधान की सीमाओं के भीतर किया जाना चाहिए।
हालाँकि, न्यायमूर्ति के वी विश्वनाथन ने इस पर असहमति जताई और कहा कि संशोधन करने की शक्ति न्यायालयों के पास नहीं है और इसे धारा 34 व 37 में स्पष्ट रूप से नकारा गया है। उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 142 को भी इस कार्य के लिए नहीं अपनाया जा सकता क्योंकि यह स्पष्ट रूप से वैधानिक प्रावधानों को नहीं बदल सकता।
चंद्रयान-3 की लैंडिंग साइट पर आदिम चंद्र मंडल सामग्री की संभावित उपस्थिति
भारत के चंद्रयान-3 द्वारा 2023 में चंद्रमा के जिस स्थल पर सफल लैंडिंग की गई — जिसे शिवशक्ति प्वाइंट कहा जाता है — वहाँ वैज्ञानिकों को चंद्रमा की सबसे आदिम (प्राचीन) मंडल (mantle) सामग्री की उपस्थिति के संकेत मिले हैं। यह स्थान चंद्रमा के दक्षिणी उच्च अक्षांश वाले भू-भाग पर स्थित है।
फिजिकल रिसर्च लैबोरेटरी (PRL) के वैज्ञानिकों ने प्रज्ञान रोवर पर लगे अल्फा पार्टिकल एक्स-रे स्पेक्ट्रोमीटर से प्राप्त आंकड़ों का उपयोग किया और सल्फर, पोटैशियम व सोडियम जैसे तत्वों की सांद्रता की तुलना की। शोध में पाया गया कि शिवशक्ति स्थल पर सोडियम और पोटैशियम की मात्रा में कमी, जबकि सल्फर की अधिकता दर्ज की गई।
शोध के अनुसार, यह स्थल दक्षिणी ध्रुव-एटकिन बेसिन (SPA basin) के निर्माण के दौरान उत्पन्न हुई आदिम चंद्र मंडल सामग्री का पुनर्वितरित अंश हो सकता है, जिसकी उत्पत्ति लगभग 4.3 अरब वर्ष पूर्व हुई थी।
चंद्रयान-3 से प्राप्त डेटा ने पूर्व के अमेरिकी मिशन अपोलो-16 और सोवियत मिशन लूना-20 की खोजों को चुनौती दी है। चंद्रयान-3 ने मिट्टी में सल्फर की मात्रा 300–500 पीपीएम अधिक पाई। वैज्ञानिक इस असमानता के कारणों की पड़ताल कर रहे हैं।
27 अप्रैल 2025 करेंट अफेयर्स – छत्तीसगढ़ विशेष (CG Current Affairs)
मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सुविधा योजना से बुजुर्गों और दिव्यांगों को मिलेगा मुफ्त सफर
छत्तीसगढ़ सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में यातायात सुविधा को बेहतर बनाने के लिए “मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सुविधा योजना” को मंजूरी दी है। इस योजना के तहत दूरस्थ अंचलों को शहरों से जोड़ने के लिए बसें चलाई जाएंगी। पहले साल 100 ग्रामीण सड़कों पर बस सेवा शुरू होगी और इसके लिए 25 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
योजना के तहत 18 से 42 सीटों वाली बसें निजी ऑपरेटरों द्वारा चलाई जाएंगी। विशेष रूप से 80 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों, दृष्टिहीन, दिव्यांग, एचआईवी मरीजों और गंभीर बीमारियों से ग्रसित लोगों को मुफ्त बस सेवा मिलेगी। सरकार प्रति किलोमीटर के हिसाब से निजी बस ऑपरेटरों को वित्तीय सहायता देगी।
इसके साथ ही कैबिनेट ने कृषक उन्नति योजना का दायरा बढ़ाकर सभी वर्ग के किसानों को इसमें शामिल किया है। पहले यह केवल अनुसूचित जाति और जनजाति के किसानों के लिए सीमित थी।
तीसरी बड़ी घोषणा राज्य के पहले आईटी डेटा सेंटर की है, जिसका भूमिपूजन 3 मई को नया रायपुर में किया जाएगा। यह केंद्र सरकार के सहयोग से 120 करोड़ रुपये की लागत से बनेगा और 1000 रैक की क्षमता रखेगा।
टीबी उन्मूलन प्रयासों में छत्तीसगढ़ को देश में प्रथम स्थान
छत्तीसगढ़ को टीबी उन्मूलन के प्रयासों में देशभर में प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। राजधानी रायपुर स्थित राष्ट्रीय मेडिकल कॉलेज ऑडिटोरियम में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री रमन बिहारी जायसवाल ने 4103 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त घोषित किया और उत्कृष्ट स्वास्थ्य कर्मियों को सम्मानित किया।
राज्य का लक्ष्य है कि 2025 तक टीबी का पूर्ण उन्मूलन किया जाए। स्वास्थ्य सचिव अमित कटारिया ने इसे एक अभियान नहीं बल्कि राष्ट्रीय सेवा बताया और कहा कि अब यह लड़ाई जन आंदोलन का रूप ले चुकी है।
कार्यक्रम में 350 से अधिक स्वास्थ्य कर्मियों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने टीबी नियंत्रण, निक्षय योजना के क्रियान्वयन और रोगियों को सहायता प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
अब तक राज्य में 4.5 लाख लोगों की जांच की जा चुकी है और 3130 नए टीबी रोगियों की पहचान कर इलाज शुरू किया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने 100 दिनों में बड़ी संख्या में मरीजों की पहचान कर उन्हें उपचार प्रदान किया है।
नया रायपुर में खुलेगा राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (NIELIT)
नया रायपुर में राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (NIELIT) की स्थापना की जाएगी। राज्य के वित्त मंत्री ओपी चौधरी की पहल और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सहमति से आज केबिनेट ने संस्थान के लिए सेक्टर-24 में 18.70 एकड़ भूमि आवंटित करने का निर्णय लिया है।
इस संस्थान की स्थापना से स्थानीय छात्रों और पेशेवरों को आईटी, साइबर सुरक्षा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ब्लॉकचेन, क्लाउड कंप्यूटिंग, रोबोटिक्स जैसे आधुनिकतम तकनीकी क्षेत्रों में प्रशिक्षण मिलेगा।
एनआईईएलआईटी केंद्र सरकार के इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अधीन एक स्वायत्त संस्था है, जिसके देश में पहले से ही 30 से अधिक केंद्र संचालित हैं। यह संस्थान डिजिटल स्किल्स, कंप्यूटर साइंस और विभिन्न टेक्नोलॉजी क्षेत्रों में प्रमाणित प्रशिक्षण प्रदान करता है।
यह कदम छत्तीसगढ़ को तकनीकी शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने की दिशा में एक बड़ा प्रयास है।
छत्तीसगढ़ के पहले एआई डेटा सेंटर का भूमि पूजन 3 मई को
छत्तीसगढ़ में पहला एआई आधारित डेटा सेंटर नया रायपुर के अटल नगर स्थित सेक्टर-22 में बनने जा रहा है। इसका भूमि पूजन 3 मई को मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के द्वारा किया जाएगा। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, राज्य के उद्योग मंत्री ललितलाल देवांगन और वैश्विक आईटी कंपनियों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहेंगे।
यह देश का पहला ग्रीनफील्ड एआई डेटा सेंटर होगा जो लगभग 1000 करोड़ रुपए की लागत से तैयार होगा और इसमें 2.7 एकड़ ज़मीन का उपयोग किया जाएगा। इससे पहले 1163 वर्गमीटर भूमि सेमीकंडक्टर यूनिट के लिए चिन्हांकित की जा चुकी है।
राज्य सरकार इसे नया रायपुर को आईटी हब और डेटा सेंटर हब के रूप में विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मान रही है। इस डेटा सेंटर से न केवल अत्याधुनिक तकनीक का विकास होगा बल्कि राज्य में रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। यह परियोजना ग्रीन बिल्डिंग मानकों पर आधारित होगी और स्वदेशी व वैश्विक तकनीकों के समन्वय से संचालित की जाएगी।
प्रतियोगी परीक्षाओं हेतु संभावित MCQ प्रश्न:
Q. टीबी उन्मूलन प्रयासों में छत्तीसगढ़ को कौन सा स्थान मिला है?
A) तीसरा
B) दूसरा
C) पहला
D) चौथा
उत्तर: C) पहला
Q. मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना के अंतर्गत किस वर्ग को मुफ्त यात्रा सुविधा दी जाएगी?
A) छात्रों को
B) किसानों को
C) 80 वर्ष से अधिक बुजुर्ग और दिव्यांग
D) महिलाओं को
उत्तर: C) 80 वर्ष से अधिक बुजुर्ग और दिव्यांग
Q. छत्तीसगढ़ का पहला एआई डेटा सेंटर कहाँ स्थापित होगा?
A) दुर्ग
B) नया रायपुर, सेक्टर-22
C) बिलासपुर
D) अटल टाउनशिप
उत्तर: B) नया रायपुर, सेक्टर-22
Q. NIELIT किस मंत्रालय के अंतर्गत कार्य करता है?
A) मानव संसाधन विकास मंत्रालय
B) विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय
C) इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय
D) उच्च शिक्षा मंत्रालय
उत्तर: C) इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय
Q. चंद्रयान-3 का लैंडिंग स्थल शिवशक्ति पॉइंट कहाँ स्थित है?
A) उत्तरी ध्रुव
B) दक्षिणी उच्च अक्षांश वाले भू-भाग
C) भूमध्य रेखा के पास
D) समुद्री क्षेत्र में
उत्तर: B) दक्षिणी उच्च अक्षांश वाले भू-भाग
Q. चंद्रयान-3 से प्राप्त किस तत्व की अधिकता पाई गई है?
A) पोटैशियम
B) सोडियम
C) सल्फर
D) लोहा
उत्तर: C) सल्फर
Q. सुप्रीम कोर्ट ने किस अनुच्छेद के अंतर्गत अर्बिट्रल अवार्ड में संशोधन की सीमित शक्ति मानी है?
A) अनुच्छेद 136
B) अनुच्छेद 141
C) अनुच्छेद 142
D) अनुच्छेद 32
उत्तर: C) अनुच्छेद 142
Q. सुप्रीम कोर्ट ने केवाईसी नियमों में सुधार का आदेश किस अधिकार का हिस्सा मानते हुए दिया?
A) शिक्षा का अधिकार
B) डिजिटल समानता का अधिकार
C) जीवन और स्वतंत्रता का अधिकार
D) सामाजिक न्याय
उत्तर: C) जीवन और स्वतंत्रता का अधिकार
Q. जातिगत जनगणना की प्रक्रिया किस जनगणना के साथ की जाएगी?
A) स्वास्थ्य सर्वेक्षण
B) कृषि गणना
C) राष्ट्रीय जनगणना
D) रोजगार सर्वेक्षण
उत्तर: C) राष्ट्रीय जनगणना
